राजेश मिश्र समाज शास्त्र परिषद के पहले ऐसे सचिव हैं जो उत्तर प्रदेश के विश्वविद्यालय का प्रतिनिधित्व करते हैं। पिछले 60 सालों में यह पहला मौका है जब यूपी से अभासप का सचिव निर्वाचित हुआ है...
लखनऊ विश्वविद्यालय के समाजशास्त्र विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो0 राजेश मिश्र अखिल भारतीय समाजशास्त्र परिषद (अभासप) के सचिव निर्वाचित हुए हैं। पिछले दिनों हुए इस महत्वपूर्ण चुनाव के नतीजे शनिवार को घोषित हुए हैं। प्रो0 मिश्र समाज शास्त्र परिषद के पहले ऐसे सचिव हैं जो उत्तर प्रदेश के विश्वविद्यालय का प्रतिनिधित्व करते हैं।पिछले 60 सालों में यह पहला मौका है जब यूपी से अभासप का सचिव निर्वाचित हुआ है।
गौरतलब है कि मुंबई के बाद लखनऊ विश्वविद्यालय में देश का दूसरा समाज’शास्त्र विभाग 1921 में स्थापित किया गया था। विभाग में शिक्षण कार्य 1922 में शुरू हुआ था। समाज’शास्त्र के क्षेत्र में शोध व अन्य गतिविधियां बढ़ाने के लिए मुंबई में 1951 में अखिल भारतीय समाजशास्त्र परिषद की स्थापना की गई थी।
देश भर के समाजशास्त्री इसके सदस्य हैं। परिषद द्वारा वर्तमान में सोशियोलाजिकल बुलेटिन और आईएसएस न्यूजलेटर प्रकाशित किया जाता है। सोसायटी शोधार्थियों की मदद के लिए 21 रिसर्च जर्नल का प्रकाशन करती है। सोसायटी में इस समय तीन हजार से अधिक आजीवन सदस्य हैं।
प्रो0 राजेश मिश्र के अलावा सचिव पद के लिए चेन्नई से डी0 जयलक्ष्मी, हैदराबाद से जी0 सत्यनारयण तथा पी0 जोगदंड चुनाव में उतरे थे। जिसमें प्रो0 राजेश मिश्र को विजयी घोषित किया गया। वे अगले दो साले तक सोसायटी के सचिव रहेंगे।